रोहन
मेहता
मेरे ज़िंदगी का सबसे अच्छा दिन एक
साल पहले था। मैं युनिवेर्सिटी में नया था
और मैने उस दिन से पहले बहुत कुछ नही किया था। सुबह में मैन एक शाबाश नाश्ता
खाया था और मेरे दोस्तों भी मेरे साथ थे। नाश्ता में मैने बहुत अंडे और फल खाए थे।
उस दिन सिर्फ एक क्लास में जाना पडा क्योंकि मेरा दूसरा क्लास का शिक्षक भीमार था।
जिस क्लास मे मैं गया था वह हिन्दी था। हिन्दी की क्लास में मुझको चॉकलेट मिला था क्योंकी भारत मे दिवाली मना रहे थे। क्लास के बाद में फिल्म
देखने गया था। फिल्म का नाम था जब तक है जान। फिल्म बहुत अच्छा था और मुझको लगा के
फिल्म का अभिनेता ने बहुत काम किया। फिल्म के बाद मे बाहर खाने गया था।मैने
सबसे मेहेंगी चीज़ करीदी। नाश्ता का खाना से ये खान खाफी अच्छा थ। खाने के बाद मैं अपने
कमरे में वापिस गया और तीन घंटे के लिए सो गया था। मेने एक सपना देखा था के मैं बहुत पैसे जीता और एक नयी गाडी भी जीता। सोने के
बाद मैने थोड़ा काम किया लेखिन मैने वह काम जल्दी से कथ्म किया। मुझको सिर्फ हिन्दी का होमवर्क करना था और
वह काम बहुत आसान था। काम करने के बाद मैने फूटबाल का खेल टी-वी पे देखा। मेरे मनपसंद टीम खेल रहे थे और जीत भी गए। मैने वह रात आठ घंटे
सो सकना पडा। फिरसे मेरा सपना आया के मैने पास बहुत पैसा आया।
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